अगर आपके account में मई की किश्त नहीं आई — तो यह खबर आपके लिए है। और अगर आई भी है — तो भी यह खबर पढ़नी चाहिए। क्योंकि Ladki Bahin Yojana में अब एक बहुत बड़ा बदलाव हो चुका है जो सीधे 70 लाख बहनों को affect कर रहा है।
Maharashtra सरकार ने बड़े पैमाने पर e-KYC verification किया — और जो बहनें इस process को पूरा नहीं कर पाईं, उन्हें scheme से बाहर कर दिया गया। मतलब साफ है — उन्हें अब मई 2026 की ₹1500 किश्त नहीं मिलेगी।
यह सुनकर दिल दुखता है — लेकिन पूरी सच्चाई जाननी ज़रूरी है। नीचे सब कुछ detail में है — किसे हटाया गया, क्यों हटाया गया, और अब क्या हो सकता है।
Ladki Bahin Yojana में 70 लाख बहनें बाहर — क्या है पूरा मामला?
Mukhyamantri Majhi Ladki Bahin Yojana में जब scheme शुरू हुई थी — यानी July 2024 में — तब पूरे Maharashtra में करीब 2.46 करोड़ महिलाएं इस scheme से जुड़ी थीं।
लेकिन बाद में सरकार को पता चला कि बहुत सी महिलाएं ऐसी हैं जो actually eligible नहीं हैं। कुछ के duplicate applications थे, कुछ के Aadhaar details गलत थे, कुछ income criteria पूरा नहीं करती थीं।
इसीलिए सरकार ने e-KYC यानी electronic Know Your Customer process mandatory कर दी। बार-बार deadline extend की गई — करीब 4 से 5 महीने तक मौका दिया गया।
लेकिन फिर भी 70 लाख महिलाएं e-KYC पूरा नहीं कर पाईं।
नतीजा — इन सभी को scheme से बाहर कर दिया गया। अब February 2026 तक जो संख्या 1.76 करोड़ थी, वो घटकर करीब 1.53 करोड़ रह जाएगी।
e-KYC क्यों हुई Mandatory — सरकार का क्या था मकसद?
सरकार का मकसद बिल्कुल clear था — scheme का पैसा सिर्फ सही और eligible महिलाओं तक पहुंचे।
Verification process के दौरान जो गड़बड़ियां पकड़ी गईं वो कुछ इस तरह थीं:
| गड़बड़ी | Details |
|---|---|
| Duplicate Applications | एक ही महिला के नाम पर कई applications |
| Aadhaar Mismatch | Aadhaar details bank account से match नहीं |
| Wrong Bank Info | गलत account number या IFSC code |
| Income Criteria | तय income limit से ज़्यादा कमाई वाली महिलाएं |
WCD यानी Women & Child Development State Minister Meghna Bordikar ने साफ कहा — जो e-KYC नहीं कर पाईं उनमें से ज़्यादातर actually eligible थीं ही नहीं। इसीलिए उन्हें बाहर किया गया।
70 लाख बहनें e-KYC क्यों नहीं कर पाईं — असली कहानी
सरकार कहती है — “हमने पूरा मौका दिया।” लेकिन ज़मीनी सच्चाई कुछ और है।
Rural Maharashtra की बहुत सी महिलाओं ने बताया कि उन्हें कई तरह की problems का सामना करना पड़ा। एक पूर्व लाभार्थी सुनीता जाधव ने बताया कि उन्होंने सारे documents जमा कर दिए थे, लेकिन Aadhaar से linked mobile number में problem थी। December के बाद officials ने कहा कि system में कोई change नहीं हो सकता।
ग्रामीण इलाकों में काम करने वाले activists ने भी इन problems की तरफ ध्यान दिलाया:
खराब Internet Connectivity — गांवों में internet इतना slow था कि portal ही नहीं खुलता था।
Digital Literacy की कमी — बहुत सी बहनों को smartphone या computer चलाना नहीं आता था।
Portal Errors — बार-बार technical errors आती थीं और process complete नहीं होती थी।
Aadhaar Data Mismatch — छोटी-छोटी spelling mistakes की वजह से verification fail हो जाता था।
Deadline Confusion — बार-बार deadline बदलने से confusion हो गई और कई बहनें miss कर गईं।
इन सब वजहों से बहुत सी genuine और eligible बहनें भी scheme से बाहर हो गईं — जो सबसे दुखद बात है।
सरकारी खजाने पर क्या पड़ेगा असर?
70 लाख बहनों के बाहर होने का सीधा असर Maharashtra के budget पर भी पड़ा है।
2025-26 में Ladki Bahin Yojana के लिए ₹36,000 Crore का budget था।
2026-27 में यह घटकर ₹26,500 Crore रह गया — यानी करीब 26% की कटौती।
| साल | Budget |
|---|---|
| 2025-26 | ₹36,000 Crore |
| 2026-27 | ₹26,500 Crore |
| कटौती | लगभग 26% |
लाभार्थियों की संख्या घटी तो खर्च भी घटा — यह सीधा calculation है।
जो बाहर हुईं — क्या उनके लिए कोई रास्ता है?
यह सवाल लाखों बहनों के मन में है।
सरकार की तरफ से अभी तक कोई official grievance redressal mechanism announce नहीं हुआ है उन बहनों के लिए जो गलती से बाहर हो गई हैं।
लेकिन activists और social workers लगातार सरकार पर pressure बना रहे हैं कि एक last chance window दी जाए — जहां genuine लाभार्थी अपनी problem resolve कर सकें।
अगर आप भी इस situation में हैं तो अभी यह steps try करें:
Step 1 — नज़दीकी Aaple Sarkar Seva Kendra जाएं और अपनी problem बताएं।
Step 2 — Anganwadi Supervisor से मिलें और written complaint दें।
Step 3 — WCD District Office में जाकर application का status पूछें।
Step 4 — अपने local MLA के office में जाकर help मांगें।
जो अभी भी List में हैं — उनके लिए ज़रूरी बात
अगर आपके account में पैसे आ रहे हैं — तो एक काम ज़रूर करें। अपना e-KYC status check करें और सुनिश्चित करें कि:
Aadhaar आपके active bank account से linked है।
Mobile Number Aadhaar से registered और active है।
Bank Account में DBT service enable है।
Application Details में कोई गलती नहीं है।
क्योंकि अगर कोई भी छोटी सी problem रही — तो अगली बार आपका नाम भी list से हट सकता है।
Final बात — सच्चाई जानना ज़रूरी है
Ladki Bahin Yojana से 70 लाख बहनों का बाहर होना — यह एक बड़ी खबर है। कुछ के लिए यह सही फैसला है क्योंकि वो eligible नहीं थीं। लेकिन बहुत सी genuine बहनें भी technical problems की वजह से बाहर हो गई हैं — यह भी उतना ही सच है।
अगर आप eligible हैं और किसी technical problem की वजह से बाहर हुई हैं — तो हार मत मानिए। अपनी आवाज़ उठाइए, offices जाइए और अपना हक मांगिए।
यह खबर अपनी हर बहन को share करें — क्योंकि जानकारी ही सबसे बड़ी ताकत है। 💚





